लाॅकडाउन में फंसे लोगों के लिए 15 अप्रैल को मोदी सरकार ले सकती है यह बड़ा फैसला

 देशभर में 21 दिनों के लाॅक डाउन के समाप्ति के बाद सरकार लॉक डाउन में फंसे आम जनता की राहत के लिए कौन-कौन से फैसले पर विचार कर सकती है। दुनिया भर में तेजी से फैल रहे खतरनाक कोरोनावायरस को देखते हुए भारत सरकार ने देशभर में 21 दिनों के लॉक डाउन का ऐलान किया है। 21 दिनों के लॉक डाउन की अवधि भी अब समाप्त हो रही है ऐसे में जनता द्वारा यह कयास लगाए जा रहे हैं की 15 अप्रैल को मोदी सरकार का अगला कदम क्या होगा। चलिए जानते हैं कि 21 दिनों के लॉक डाउन की समाप्ति के बाद सरकार का अगला फैसला क्या हो सकता है...

Third party image reference
(1) . इस खतरनाक वायरस से संक्रमित लोगों की जांच का कार्य नियमित रूप से चलता रहेगा। ताकि देश का कोई भी नागरिक इस खतरनाक वायरस से संक्रमित ना रह सके और वायरस का संक्रमण अन्य व्यक्तियों में फैलने से रोका जा सके।
(2) . सरकार द्वारा देशभर में लागू किए गए लाॅकडाउन की समाप्ति के बाद कोरोना वायरस की निशुल्क जांच हर क्षेत्र में लगातार जारी रहेगी। ताकि इस वायरस पर पूरी तरह से काबू पाया जा सके।
(3) . भारत सरकार 21 दिनों के लॉकडाउन में फंसे आम जनता के जरूरतमंद चीजों को निशुल्क वितरण के साथ आर्थिक स्थिति को देखते हुए गरीब जन कल्याण के तहत अनुदान के रूप में उचित राशि आवंटित कर सकती है।
(4). 21 दिनों के देशभर में लाॅकडाउन के बाद भी कोरोनावायरस पर पूरी तरह से नियंत्रण नहीं पाया जा सका है। स्थिति को देखते हुए सरकार लाॅकडाउन की अवधि और बढ़ाने का फैसला ले सकती है। ताकि इस कोरोनावायरस के संक्रमण को पूरी तरह से खत्म किया जा सके।
(5) . लॉक डाउन की समाप्ति के बाद लाॅकडाउन में फंसे लोगों के लिए भारतीय रेल सेवाओं का परिचालन कुछ दिनों के लिए शुरू करने पर विचार कर सकती है। इसी के साथ ही रेलवे स्टेशन पर सभी यात्रियों की कोरोना वायरस की जांच का कार्य निशुल्क रूप से जारी कर सकती है। ताकि कोई भी कोरोना पॉजिटिव अन्य व्यक्तियों में इसका संक्रमण ना फैला सके।

T
close